हिमाचल प्रदेश के चंबाघाट में मशरूम निदेशालय ने किसानों के लिए एक बड़ी सौगात दी है। यहाँ के वैज्ञानिकों ने गुलाबी ढींगरी मशरूम की एक ऐसी नई किस्म तैयार की है, जो सिर्फ सात दिन में फसल दे देती है। यह मशरूम न सिर्फ जल्दी तैयार होता है, बल्कि इसमें सेहत के लिए कई फायदे भी हैं। इंडियन मशरूम कॉन्फ्रेंस में निदेशालय के बड़े वैज्ञानिक डॉ. अनिल कुमार ने इस खोज को सामने रखा। इस कॉन्फ्रेंस में देशभर से 151 वैज्ञानिक, शोधकर्ता और मशरूम उत्पादक जमा हुए और नई तकनीकों पर बात की। यह नई किस्म मशरूम खेती को आसान और मुनाफे वाला बनाने जा रही है।
गुलाबी ढींगरी मशरूम की खास बात
डॉ. अनिल कुमार ने बताया कि इस नई किस्म को प्लीयूरोटस जेमोवार कहते हैं। इसका सबसे बड़ा फायदा है कि यह सात दिन में फसल दे देता है। इतने कम समय में तैयार होने की वजह से किसान साल में कई बार मशरूम उगा सकते हैं। इस मशरूम में लोवास्टैटिन नाम का एक खास तत्व होता है, जो खून में कोलेस्ट्रॉल को कम करता है। साथ ही, इसमें प्रोटीन, विटामिन और मिनरल्स भी ढेर सारे हैं, जो इसे खाने वालों के लिए सेहत का खजाना बनाते हैं। इसका स्वाद भी इतना अच्छा है कि बाजार में इसकी माँग बढ़ने वाली है। यह किस्म न सिर्फ किसानों की कमाई बढ़ाएगी, बल्कि लोगों को पौष्टिक खाना भी देगी।
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किसानों के लिए बड़ा फायदा
गुलाबी ढींगरी की यह नई किस्म किसानों के लिए सुनहरा मौका लाई है। चूँकि यह जल्दी तैयार होती है, किसान कम समय में ज्यादा फसल ले सकते हैं। इसके औषधीय गुणों की वजह से बाजार में इसकी कीमत आम मशरूम से ज्यादा मिलेगी। लोग इसे सेहत के लिए खरीदेंगे, जिससे माँग बढ़ेगी। साथ ही, इस मशरूम को प्रोसेस करके या विदेशों में बेचकर भी अच्छा मुनाफा कमाया जा सकता है। मशरूम निदेशालय जल्द ही इस किस्म के बीज बाजार में लाएगा। इसके साथ ही, किसानों को खेती की ट्रेनिंग और तकनीकी मदद भी दी जाएगी। कम लागत में ज्यादा कमाई का यह मौका छोटे और बड़े किसानों के लिए एकदम सही है।
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खेती शुरू करने का आसान तरीका
गुलाबी ढींगरी मशरूम की खेती शुरू करना कोई बड़ी बात नहीं। इसके लिए आपको साफ-सुथरा कमरा, भूसा, और अच्छे बीज चाहिए। मशरूम निदेशालय के वैज्ञानिकों का कहना है कि इस किस्म को उगाने के लिए सही तापमान और नमी का ध्यान रखना होता है। यह काम छोटे स्तर पर भी शुरू किया जा सकता है। अगर आपके पास बड़ा खेत नहीं है, तो भी एक कमरे में यह खेती हो सकती है। मशरूम निदेशालय, चंबाघाट से संपर्क करें, जहाँ आपको बीज और पूरी ट्रेनिंग मिलेगी। खेती शुरू करने से पहले अपनी नजदीकी मंडी में मशरूम की माँग चेक कर लें। यह मशरूम देश और विदेश में अच्छे दाम पर बिकता है।
अगर आप खेती से अच्छी कमाई करना चाहते हैं, तो गुलाबी ढींगरी मशरूम की इस नई किस्म को जरूर आजमाएँ। यह कम समय में तैयार होने वाली फसल है, जो सेहत और मुनाफे का डबल फायदा देती है। अपने नजदीकी कृषि केंद्र या मशरूम निदेशालय, चंबाघाट से संपर्क करें। वहाँ से आपको बीज, ट्रेनिंग, और सही सलाह मिलेगी। अपने गाँव के दूसरे किसानों को भी इस खेती के बारे में बताएँ, ताकि सभी मिलकर मुनाफा कमा सकें। यह समय है नई तकनीक को अपनाकर अपनी खेती को चमकाने का।
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