खेती-किसानी में मेहनत तो बहुत लगती है, लेकिन अगर सही समय पर और सही उपकरणों के साथ काम किया जाए, तो न सिर्फ मेहनत कम होती है, बल्कि मुनाफा भी बढ़ता है। जुलाई का महीना अरहर की खेती के लिए सबसे अच्छा माना जाता है। अगर इस समय अरहर की बुवाई सही तकनीक से की जाए, तो फसल की पैदावार शानदार हो सकती है। आजकल रेज्ड बेड प्लांटर नाम की एक खास मशीन किसानों के लिए वरदान बन रही है। यह मशीन न सिर्फ बुवाई को आसान बनाती है, बल्कि समय, पैसे और मेहनत की भी बचत करती है।
रेज्ड बेड प्लांटर का कमाल
कृषि विशेषज्ञों का कहना है कि रेज्ड बेड प्लांटर तकनीक से अरहर की बुवाई करने से फसल की पैदावार में बढ़ोतरी होती है। यह मशीन ट्रैक्टर की मदद से खेत में ऊँची मेड़ बनाती है और साथ ही बीज बोती है। इसका सबसे बड़ा फायदा यह है कि खेत में बारिश का पानी जमा नहीं होता, जिससे पौधों की जड़ें सड़ने से बचती हैं।
समस्तीपुर के किसान रामनाथ यादव बताते हैं कि इस मशीन से एक हेक्टेयर खेत की बुवाई सिर्फ डेढ़ घंटे में हो जाती है। पहले जहाँ बुवाई में कई घंटे लगते थे, वहाँ अब समय और मेहनत दोनों की बचत हो रही है। साथ ही, इस तकनीक से बीज और उर्वरक का इस्तेमाल भी सही मात्रा में होता है, जिससे खेती की लागत कम हो जाती है।
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फसलों के लिए क्यों खास है यह तकनीक
रेज्ड बेड प्लांटर का इस्तेमाल करने से खेत में पानी का निकास बेहतर होता है और पौधों को हवा भी अच्छे से मिलती है। इससे पौधों का विकास तेजी से होता है और फसल की गुणवत्ता बढ़ती है। इस तकनीक से खरपतवार को नियंत्रित करना भी आसान हो जाता है, जिससे किसानों को बार-बार खेत साफ करने की जरूरत नहीं पड़ती। कृषि वैज्ञानिकों का कहना है कि यह तकनीक खासकर हल्की और रेतीली मिट्टी वाले खेतों में बहुत कारगर है। इस विधि में पारंपरिक बुवाई की तुलना में कम बीज लगते हैं। एक हेक्टेयर में सिर्फ 15-20 किलो बीज ही काफी होते हैं, जिससे बीज की लागत भी कम हो जाती है।
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मशीन के इस्तेमाल में रखें ये सावधानी
रेज्ड बेड प्लांटर का सही इस्तेमाल करने के लिए कुछ बातों का ध्यान रखना जरूरी है। बुवाई से पहले मशीन की अच्छे से ग्रीसिंग कर लें और इसके सभी हिस्सों को ठीक से सेट करें। बुवाई के दौरान एक व्यक्ति को मशीन के पीछे निगरानी के लिए रखें, ताकि अगर मिट्टी जमा हो जाए तो उसे तुरंत हटाया जा सके। इससे बुवाई सटीक होती है और फसल का विकास एकसमान रहता है। किसान रामकिशोर कहते हैं कि इस मशीन ने उनकी मेहनत को आधा कर दिया है और अब फसल की पैदावार भी पहले से ज्यादा हो रही है।
अरहर की बेस्ट वैरायटी चुनें
अगर आप अरहर की खेती से अच्छा मुनाफा कमाना चाहते हैं, तो सही वैरायटी का चयन बहुत जरूरी है। कृषि विशेषज्ञ राजेंद्र अरहर-1 और राजेंद्र अरहर-2 की सलाह देते हैं। इन वैरायटी की पैदावार ज्यादा होती है और ये मौसम की मार को भी अच्छे से झेल लेती हैं। इन बीजों के साथ रेज्ड बेड प्लांटर का इस्तेमाल करने से न सिर्फ फसल की गुणवत्ता बढ़ती है, बल्कि मुनाफा भी कई गुना हो जाता है।
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