PM Kisan Yojana: किसान भाइयों, हमारे देश का हर अन्नदाता खेतों में दिन-रात मेहनत करके देश को खिलाता है। आपकी इस मेहनत को और आसान करने के लिए सरकार ने 2019 में प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना शुरू की। इस योजना से छोटे किसानों को हर साल 6,000 रुपये की मदद मिलती है, जो तीन बार में, यानी हर बार 2,000 रुपये, सीधे बैंक खाते में आती है। अब तक 19 किस्तें आपके खातों में पहुँच चुकी हैं। अब हर कोई जानना चाहता है कि 20वीं किस्त कब आएगी और इसके लिए क्या-क्या करना होगा। चलिए, इस योजना को समझते हैं और जरूरी काम निपटाने की बात करते हैं।
योजना का मकसद और फायदा
ये योजना छोटे और सीमांत किसानों के लिए किसी बड़े सहारे की तरह है। चाहे खेत में नया बीज खरीदना हो, खाद लेना हो या घर का कोई छोटा खर्चा निकालना हो, ये 6,000 रुपये आपके काम आते हैं। हर चार महीने में 2,000 रुपये की किस्त सीधे खाते में जमा होती है, बिना किसी बिचौलिये की जरूरत के। 24 फरवरी 2025 को बिहार के भागलपुर में 19वीं किस्त जारी हुई, जिसमें 9.8 करोड़ किसानों को 22,000 करोड़ रुपये से ज्यादा की मदद मिली। अब 20वीं किस्त का इंतजार है।
20वीं किस्त कब तक आएगी
किसान भाइयों, 20वीं किस्त की तारीख अभी सरकार ने पक्की नहीं की है, लेकिन खबरों के मुताबिक ये जून 2025 में आपके खाते में आ सकती है। दरअसल, हर किस्त चार महीने के अंतराल पर आती है। 19वीं किस्त फरवरी 2025 में आई थी, तो चार महीने बाद जून का समय बनता है। फिर भी, पक्की खबर के लिए pmkisan.gov.in वेबसाइट पर नजर रखिए या अपने गाँव के कृषि कार्यालय से पूछताछ करिए। पहले से तैयार रहेंगे, तो पैसे बिना रुकावट आएंगे।
ई-केवाईसी कराइए
20वीं किस्त के 2,000 रुपये बिना किसी अड़चन के चाहिए, तो सबसे पहले ई-केवाईसी करा लीजिए। सरकार ने इसे अनिवार्य किया है, ताकि पैसे सही किसान तक पहुँचें। अगर ई-केवाईसी बाकी है, तो अपने नजदीकी कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) में आधार कार्ड लेकर जाइए और ये काम निपटा लीजिए। अगर घर में इंटरनेट है, तो pmkisan.gov.in पर आधार OTP के जरिए खुद भी ई-केवाईसी कर सकते हैं। बस इतना ध्यान रखिए कि आपका आधार कार्ड बैंक खाते और पोर्टल से जुड़ा हो। बिना ई-केवाईसी के किस्त रुक सकती है।
ई-केवाईसी के साथ-साथ भूलेख सत्यापन भी जरूरी है। ये आपके खेत के कागजात चेक करने का तरीका है, ताकि सरकार को पता रहे कि जमीन आपके नाम पर सही है। कई बार पुराने या गलत कागजात की वजह से पैसे अटक जाते हैं। गाँव के पटवारी या तहसील कार्यालय में जाकर अपने भूलेख अपडेट करवाइए। अगर पोर्टल पर आपका नाम गलत दिख रहा है, तो जिला कृषि कार्यालय में बात करिए। ये काम जल्दी निपटा लेंगे, तो 20वीं किस्त का रास्ता साफ रहेगा।
किस्त सीधे बैंक खाते में आती है, इसलिए आधार का बैंक खाते से जुड़ा होना बहुत जरूरी है। अगर अभी तक लिंक नहीं हुआ, तो बैंक जाकर ये काम करा लीजिए। pmkisan.gov.in पर जाकर देख लीजिए कि आपका बैंक खाता और मोबाइल नंबर सही दर्ज हैं या नहीं। अगर मोबाइल नंबर पुराना है, तो उसे अपडेट करवाइए, ताकि पैसे आने की खबर SMS से मिले। ये छोटा-सा काम आपकी किस्त को रुकने से बचाएगा।
स्टेटस कैसे देखें
किस्त का इंतजार करते हुए बीच-बीच में अपना स्टेटस चेक करिए। pmkisan.gov.in पर जाइए, वहाँ ‘Farmers Corner’ में ‘Know Your Status’ पर क्लिक करिए। आधार नंबर, मोबाइल नंबर या रजिस्ट्रेशन नंबर डालकर स्टेटस देख सकते हैं। अगर रजिस्ट्रेशन नंबर भूल गए, तो ‘Know Your Registration Number’ ऑप्शन से आधार और मोबाइल नंबर की मदद से पता कर लीजिए। कभी-कभी नेटवर्क की दिक्कत से पैसे देर से आते हैं, तो धैर्य रखिए और स्टेटस देखते रहिए।
किसान भाइयों, कुछ छोटी-छोटी बातें ध्यान में रखिए। भूलेख की कॉपी पटवारी से ले लीजिए, ताकि कागजात पक्के रहें। बैंक में आधार लिंकिंग के लिए मैनेजर से बात करिए। CSC सेंटर में सुबह जल्दी जाइए, ताकि भीड़ से बचें। पोर्टल का लिंक अपने मोबाइल में सेव कर लीजिए, ताकि अपडेट देखना आसान हो। अगर कोई बिचौलिया पैसे दिलाने के नाम पर रुपये माँगे, तो तुरंत जिला कृषि कार्यालय या पुलिस में शिकायत करिए। ये योजना आपकी मेहनत का हक है।
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